Category: Stotram

  • Shree Narsimha Prapatti Stotram

    Shree Narsimha Prapatti Stotram – श्री नरसिम्हा प्रपत्ति स्तोत्रम्

    श्री नृसिंह प्रपत्ति स्तोत्रम् (Shree Narasimha Prapatti Stotram) एक अत्यंत भावपूर्ण और भक्तिपूर्ण स्तोत्र है, जिसमें भगवान नृसिंह को पूर्ण समर्पण (प्रपत्ति) भाव से पुकारा जाता है। यह स्तोत्र भक्त की ओर से अपने भय, पाप, कष्ट और दुखों से मुक्ति के लिए भगवान नरसिंह से शरण मांगने का विनम्र निवेदन है। श्री नृसिंह प्रपत्ति…

  • Sri Narasimha Panchamrutha Stotram

    Sri Narasimha Panchamrutha Stotram – श्री नरसिम्हा पंचामृत स्तोत्रम्

    श्री नरसिंह पंचामृत स्तोत्रम् (Sri Narasimha Panchamrutha Stotram) भगवान नरसिंह, विष्णु के उग्र और रक्षक रूप की स्तुति में रचित एक अत्यंत प्रभावशाली और भक्तिपूर्ण स्तोत्र है। यह स्तोत्र पाँच भागों (पंच-अमृत) के रूप में भगवान के शौर्य, करुणा, रूप, शक्ति और भक्तवत्सलता का वर्णन करता है। श्री नरसिंह पंचामृत स्तोत्रम् अहॊबिलं नारसिंहं गत्वा रामः…

  • Shree Dashavatar Stotram

    Shree Dashavatar Stotram – श्री दशावतार स्तोत्रम्

    श्री दशावतार स्तोत्रम् (Shree Dashavatara Stotram) भगवान विष्णु के दस प्रमुख अवतारों की स्तुति में रचित एक अत्यंत प्रसिद्ध और भक्तिपूर्ण स्तोत्र है। इसे आदि शंकराचार्य या जयदेव द्वारा रचित है, और यह स्तोत्र भगवान के उन रूपों का गुणगान करता है जिनमें वे संसार की रक्षा के लिए अवतरित हुए। । श्री दशावतार स्तोत्रम्…

  • Shree Dadhi Vamana Stotram

    Shree Dadhi Vamana Stotram – श्री दधि वामन स्तोत्रम्

    श्री दधिवामन स्तोत्रम् (Shree Dadhi Vamana Stotram) भगवान वामन (भगवान विष्णु का पाँचवाँ अवतार) की स्तुति में रचित एक दुर्लभ और विशिष्ट स्तोत्र है, जिसमें वे दधि (दही) से अर्पित नैवेद्य और भोग से प्रसन्न होते हैं — इसीलिए इसे “दधिवामन स्तोत्र” कहा जाता है। यह स्तोत्र भक्तों द्वारा वामन भगवान की कृपा प्राप्त करने,…

  • Shree Dattatreya Stotram

    Shree Dattatreya Stotram

    श्री दत्तात्रेय स्तोत्रम् (Shree Dattatreya Stotram) भगवान दत्तात्रेय की स्तुति में रचित एक भक्तिपूर्ण स्तोत्र है। इसमें भगवान के स्वरूप, गुण, महिमा, और कृपा का विस्तार से वर्णन किया गया है। यह स्तोत्र पाठक को ज्ञान, वैराग्य, मानसिक शांति और गुरु-कृपा प्रदान करता है। श्रीदत्तात्रेयस्तोत्रम् जटाधरं पाण्डुरङ्गं शूलहस्तं कृपानिधिम् । (पाण्डुराङ्गं)सर्वरोगहरं देवं दत्तात्रेयमहं भजे ॥…

  • Shree Dattatreya Apradh Kshamapana Stotram

    Shree Dattatreya Apradh Kshamapana Stotram

    श्री दत्तात्रेय अपराध क्षमापण स्तोत्रम् (Shree Dattatreya Apradh Kshamapana Stotram) एक भक्तिपूर्ण स्तोत्र है, जिसमें भगवान दत्तात्रेय से अपने जाने-अनजाने में हुए पापों या अपराधों के लिए क्षमा याचना की जाती है। यह स्तोत्र भक्त को विनम्रता, आत्मशुद्धि, और दिव्य कृपा के मार्ग पर ले जाता है। श्री दत्तात्रेय अपराध क्षमापण स्तोत्रम् रसज्ञा वशा तारकं…

  • Shree Tripura Sundari Vedasara Stotram

    Shree Tripura Sundari Vedasara Stotram

    श्री त्रिपुरा सुंदरी वेदसार स्तोत्रम् (Shree Tripura Sundari Vedasara Stotram) एक अत्यंत दिव्य और दुर्लभ स्तोत्र है जो माँ त्रिपुरा सुंदरी के वेदों के सारस्वरूप रूप का स्तवन करता है। इसका नाम ही दर्शाता है कि यह स्तोत्र वेदों के सार (Vedasāra = वेद+सार) को माँ त्रिपुरा सुंदरी के स्वरूप में नमन करता है। श्री…

  • Shree Tripur Sundari Stotram

    Shree Tripur Sundari Stotram

    श्री त्रिपुरसुंदरी स्तोत्रम् (Shree Tripura Sundari Stotram) एक दिव्य स्तुति है जो माँ त्रिपुरसुंदरी – आदिशक्ति के सुंदर, शक्तिशाली और करुणामयी रूप – की महिमा का गुणगान करती है। यह स्तोत्र साधक को भौतिक और आध्यात्मिक दोनों लाभ देता है, और उसे देवी की कृपा, सौंदर्य, शक्ति और ज्ञान का अनुभव कराता है। श्री त्रिपुरसुंदरी…

  • Shree Ganesh Pancharatna Stotram

    Shree Ganesh Pancharatna Stotram

    श्री गणेश पंचरत्न स्तोत्रम् (Shree Ganesh Pancharatna Stotram) भगवान गणेश को समर्पित एक सुंदर एवं काव्यमय स्तुति है, जिसकी रचना आदिशंकराचार्य जी ने की है। इसमें पाँच श्लोकों के माध्यम से गणेश जी के स्वरूप, गुण, कृपा, और प्रभाव का स्तुतिगान किया गया है। श्री गणेश पंचरत्न स्तोत्रम् श्री गणेशपंचरत्न स्तोत्र – जगतगुरु आदि शंकराचार्य…

  • Shree Ganesh Dwadash Naam Stotram

    Shree Ganesh Dwadash Naam Stotram

    श्री गणेश द्वादश नाम स्तोत्रम् श्री गणेश द्वादश नाम स्तोत्रम् (Shree Ganesh Dwadasha Naam Stotram) एक प्रसिद्ध और शक्तिशाली स्तोत्र है जिसमें भगवान गणेश के 12 दिव्य नामों का स्मरण किया जाता है। यह स्तोत्र छोटा, सरल और अत्यंत प्रभावशाली माना जाता है। इसका पाठ करने से विघ्नों का नाश होता है और सभी कार्यों…